वन्य जीवन एवं पर्यावरण

International Journal of Environment & Agriculture ISSN 2395 5791

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बीती सदी में बापू ने कहा था

"किसी राष्ट्र की महानता और नैतिक प्रगति को इस बात से मापा जाता है कि वह अपने यहां जानवरों से किस तरह का सलूक करता है"- मोहनदास करमचन्द गाँधी

ये जंगल तो हमारे मायका हैं

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Feb 24, 2021

भारत नेपाल सीमा के आखिरी गांव चौगुरजी में लगाया गया निःशुल्क स्वास्थ्य शिविर

February 24, 2021 0
नदियों और जंगलों से घिरे इस गांव को श्रीलंका भी कहते है लोग शिव कुमारी देवी मेमोरियल ट्रस्ट की तरफ से निःशुल्क स्वास्थ्य शिविर में तीन सौ से...
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Oct 10, 2020

थारू जनजाति के गांवों में निःशुल्क चिक्तिसा शिविर का किया जा रहा है आयोजन

October 10, 2020 1
निःशुल्क चिकित्सा शिविर दिनांक 11-10-2020 दिन रविवार को इंडो नेपाल बॉर्डर के थारू जनजाति बाहुल्य क्षेत्र में ग्राम कोड़िया ब्लॉक निघासन में श...
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Nov 30, 2011

Mar 21, 2011

यहाँ भी हैं परिन्दों को दाना-पानी देने का दस्तूर...

March 21, 2011 0
....जीवों के प्रति यह सौहार्दपूर्ण बरताव बता रहा कि इन्सानियत जिन्दाबाद !! विश्व गौरैया दिवस 20 मार्च के उपलक्ष्य में पक्षी प्रेम की एक मिसा...
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Oct 30, 2010

जर्मनी द्वारा अंतर्राष्ट्रीय पुरस्कार "द बॉब्स" से सम्मानित पत्रिका "दुधवा लाइव"

हस्तियां

पदम भूषण बिली अर्जन सिंह
दुधवा लाइव डेस्क* नव-वर्ष के पहले दिन बाघ संरक्षण में अग्रणी भूमिका निभाने वाले महा-पुरूष पदमभूषण बिली अर्जन सिंह

एक ब्राजीलियन महिला की यादों में टाइगरमैन बिली अर्जन सिंह
टाइगरमैन पदमभूषण स्व० बिली अर्जन सिंह और मैरी मुलर की बातचीत पर आधारित इंटरव्यू:

मुद्दा

क्या खत्म हो जायेगा भारतीय बाघ
कृष्ण कुमार मिश्र* धरती पर बाघों के उत्थान व पतन की करूण कथा:

दुधवा में गैडों का जीवन नहीं रहा सुरक्षित
देवेन्द्र प्रकाश मिश्र* पूर्वजों की धरती पर से एक सदी पूर्व विलुप्त हो चुके एक सींग वाले भारतीय गैंडा

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