डायचे वेले जर्मनी द्वारा अंतर्राष्ट्रीय पुरस्कार "द बॉब्स" से सम्मानित पत्रिका "दुधवा लाइव"

International Journal of Environment & Agriculture, Vol.7, no 04, April 2017, ISSN 2395-5791

"किसी राष्ट्र की महानता और नैतिक प्रगति को इस बात से मापा जाता है कि वह अपने यहां जानवरों से किस तरह का सलूक करता है"- मोहनदास करमचन्द गाँधी

Sep 25, 2010

रेडियों में "दुधवा लाइव ई-पत्रिका"

रेडियों में दुधवा लाइव ई-पत्रिका:
दुधवा लाइव ई-पत्रिका द्वारा चलाये गये जन-अभियानों, और सूचनाओं का जिक्र आकाशवाणी में किया गया, जिसके अंश हम यहाँ प्रस्तुत कर रहे हैं।


विविध भारती के "जिज्ञासा" कार्यक्रम में दुधवा लाइव: 


शनिवार २२ मई २०१० की शाम सात पैतालिस व रविवार २३ मई २०१० की सुबह सवा नौ बजे, भारत की सार्वजनिक क्षेत्र के रेडियो चैनल आकाशवाणी के मशहूर कार्यक्रम विविध भारती में दुधवा लाइव ई-पत्रिका के एक लेख का जिक्र किया गया। यह लेख था  "विश्व प्रवासी पक्षी दिवस- एक अदभुत यात्रा की दुखद कहानियां!"
विविध भारती के उदघोषक श्री यूनुस ने बड़े विस्तार से इस लेख को उदघोषित किया, यकीनन इस कार्यक्रम के माध्यम से दुधवा लाइव पत्रिका की पर्यावरण और वन्य-जीव सरंक्षण की मुहिम को ताकत हासिल हुई है।

आकाशवाणी समाचार में दुधवा लाइव:

दुधवा लाइव अपने गौरैया बचाओ जन-अभियान में पहली बार आकाशवाणी गोरखपुर से ब्राडकास्ट हुआ, यह तारीख थी २० मार्च २०१० और वक्त था सुबह का सात बजकर बीस मिनट।





दुधवा लाइव डेस्क

2 comments:

शरद कोकास said...

रेडियो मे दुधवा लाइव का यह प्रसारण हमने पाबला जी के सौजन्य से सुना । रेडियो एक सशक्त प्रसार माध्यम है और इसके ज़रिये यह बात उन दूरदराज के क्षेत्रों तक पहुँचती है जहाँ वाकई मे इन बातों की आवश्यकता है । यह सतत चलता रहे यह कामना है ।

Arun Singh said...

good

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आप के विचार!

विविधा

आओ प्यारे कम्प्युटर पर बाघ बचायें!
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सामुदायिक पक्षी सरंक्षण
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भारत की वन-नीति में बदलाव आवश्यक
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