डायचे वेले जर्मनी द्वारा अंतर्राष्ट्रीय पुरस्कार "द बॉब्स" से सम्मानित पत्रिका "दुधवा लाइव"

International Journal of Environment & Agriculture, Vol.7, no 02, February 2017, ISSN 2395-5791

"किसी राष्ट्र की महानता और नैतिक प्रगति को इस बात से मापा जाता है कि वह अपने यहां जानवरों से किस तरह का सलूक करता है"- मोहनदास करमचन्द गाँधी

Jun 17, 2014

खीरी के युवाओं ने ली बागडोर नदियों को बचाने की- अफ़सोस प्रशासन और सरकार हैं तटस्थ

लखीमपुर खीरी जनपद में छोटी बड़ी नदियों का एक बड़ा जाल है जो इस धरती को उपजाऊँ बनाती है साथ ही कृषि को उन्नत भी, और बड़ी नदियों की जलधारा को मजबूत करती है ताकि वो विशाल नदियां बंगाल की खाड़ी तक पहुँच सके. मगर अफ़सोस की प्रदूषण बोर्ड के नियमों और संवेधानिक व् नैतिक कर्तव्यों से विमुख प्रशासन की नाक के टेल चीनी मिल और अन्य सरकारी व् गैर सरकारी उद्यम इन नदियों में खुलेआम जहरीला पानी व् कचरा दाल रहे है. एक बड़ी मुहीम की जरूरत ताकि भ्रष्ट तंत्र को सुधारा जा सके पर्यावरण के लिए जिसमे हम और न जाने कितने जीव व् वनस्पतियाँ निवास करती है. नदियां नहीं बची तो मानव सभ्यता प्रभावित होगी और साथ ही न जाने कितनी प्रजातियां नष्ट हो जाएंगी जो जरूरी है हमारे पारिस्थतिकी तंत्र के लिए.।इन युवाओं के जज्बे को हमारा सलाम।...  सम्पादक दुधवा लाइव।

अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद,लखीमपुर-खीरी। जैसा कि विदित है कि अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद कई सप्ताह से पर्यावरण संरक्षण बचाओ कार्यक्रम चला रही है। इस श्रंखला मे उल्ल नदी की सफाई विद्यार्थी परिषद के कार्यकर्ताओ ने श्रमदान करके अपने स्तर से पुरजोर कोशिश की। इसके अगले चरण मे वृक्षारोपण, पक्षी संरक्षण, जल संरक्षण, तथा जन जागरण के लिए पर्यावरण बचाओ रैली निकाली। 

      पर्यावरण बचाओ कार्यक्रम के संदर्भ मे विद्यार्थी परिषद का प्रतिनिधि मण्डल जिला प्रमुख आशीष श्रीवास्तव और जिला संयोजक सूर्यान्श गुप्ता की अगुवाई मे खीरी सांसद अजय मिश्र टेनी से मिला और जिले मे पर्यावरण संरक्षण की दिशा मे परिषद द्वारा किये जा रहे कार्याें से अवगत कराया और जिले मे पर्यावरण सुधार की दिशा मे लाइफ लाइन, नदियो के संरक्षण व जल संसाधन एवं पर्यावरण वृक्षारोपण करवाने के लिए प्रधानमंत्री और जल संसाधन एवं पर्यावरण मंत्री को सम्बोधित ज्ञापन खीरी सांसद अजय मिश्र टेनी को सौपा। जिससे अपने जिले का पर्यावरण स्वच्छ हो और वो हरित जिला के रुप मे मानचित्र मे जाना जाये। जिला प्रमुख आशीष श्रीवास्तव ने बताया कि नदियो मे शहर का सीवेज वाटर, कचड़ा गिरने, जिले की मिलो का अपशिष्ट पदार्थ नदियो मे गिरने से नदियां नाला का रुप ले चुकी है, और नदियां अपने ही जीवन को बचाने के लिए जद्दोजहद व त्राहिमाम कर रही है। ऐसे मे जनसामान्य, प्रशासन और सरकार सभी को आगे आने की आवश्यकता है। जिला संयोजक सूर्यान्श गुप्ता ने कहा कि प्रदूषित और बदलते वातावरण के लिए हम सभी जिम्मेदार है, अतः इसको बचाने की जिम्मेदारी भी हम सभी की है। 


       इस अवसर पर जिला संयोजक सूर्यान्श गुप्ता, सह जिला संयोजक राम सहारे पाण्डेय, नगर मंत्री अमोघ वर्मा, नगर संयोजक पीयूष बाजपेई, नगर सहमंत्री जितेन्द्र अवस्थी, शशांक तिवारी, रजनीश मिश्र, कोषाध्यक्ष अपूर्वम कात्यायन, कार्यालय मंत्री मंजेश चक्रवर्ती, वरिष्ठ कार्यकर्ता अविरल शुक्ला तथा परिषद के मीडिया प्रभारी शुभम त्रिपाठी समेत तमाम कार्यकर्ता मौजूद रहे।



शुभम् त्रिपाठी
मीडिया प्रभारी
अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद
लखीमपुर-खीरी
मो0 नं0: 91.8090476921

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