डायचे वेले जर्मनी द्वारा अंतर्राष्ट्रीय पुरस्कार "द बॉब्स" से सम्मानित पत्रिका "दुधवा लाइव"

International Journal of Environment & Agriculture, Vol.7, no 02, February 2017, ISSN 2395-5791

"किसी राष्ट्र की महानता और नैतिक प्रगति को इस बात से मापा जाता है कि वह अपने यहां जानवरों से किस तरह का सलूक करता है"- मोहनदास करमचन्द गाँधी

Apr 12, 2011

मंगल पाण्डे के बलिदान दिवस पर पर्यावरण के क्षेत्र में कार्य करने वालों को मिला सम्मान

 अमर शहीद मंगल पाण्डे बलिदान दिवस 8 अप्रैल 2011 
1-   तो फिर देश को चाहिये एक और मंगल पाण्डे 
2-   क्रान्तिकारी पाण्डे की लम्बाई थीं 9 फुट 2.5 इंच 
3-  आशीष सागर को मिला बुन्देखण्ड सूचना अधिकार व पर्यावरण संरक्षण एवार्ड

बांदा ब्यूरो - अमर शहीद मंगल पाण्डे के बलिदान दिवस पर आज एक दिवसीय राष्ट्रीय विचार गोष्ठी का आयोजन जनपद में आयोजित किया गया। अमर शहीद मंगल पाण्डे 154वी पुन्य तिथि पर होटल सारंग बैंकेट हॉल सभागार में इस राष्ट्रवादी विचार गोष्ठी का आयोजन देश प्रदेश के प्रबुद्ध समाज सेवियों एवं गणमान्य नागरिकों के साथ-साथ चित्रकूट धाम मण्डल बांदा के उप पुलिस महानिरीक्षक श्री एस0के0 माथुर के विशिष्ट आतिथ्य में सम्पन्न हुआ। कार्यक्रम की अध्यक्षता दिल्ली से आये हुए वरिष्ठ समाज सेवी एवं गांधी वादी मार्गदर्शक श्री एस0के0 राय द्वारा किया गया। अन्य प्रमुख उपस्थित जनों में डॉ0 कुलदीप प्रोफेसर गुरू तेगबहादुर मेडिकल कालेज दिल्ली, राजीव देश पाण्डे निदेशक बैंक ऑफ महाराष्ट्र, नगर पालिका अध्यक्ष राजकुमार राज ने मंच में विशिष्ट अतिथि की भूमिका निभाई। मंच का संचालन कार्यक्रम संयोजक श्री उमाशंकर पाण्डे, अमर शहीद क्रान्तिकारी मंगल पाण्डे फाउण्डेशन द्वारा किया गया। कार्यक्रम की शुरूआत अतिथियों के परिचय सत्र से की गयी। तत्पश्चात् क्रान्तिकारी मंगल पाण्डे की अमर प्रतिमा पर पुष्प माला पहनाकर मण्डल के उप पुलिस महानिरीक्षक श्री एस0के0 माथुर ने श्रद्धांजलि अर्पित की। अन्य प्रबुद्धजनों व अतिथियों ने 21 दीप प्रज्जवलित कर मंगल पाण्डे को भाव भीनी श्रद्धांजलि अर्पित की। कार्यक्रम के अगले सत्र में उप पुलिस महानिरीक्षक एस0के0 माथुर द्वारा शहीद मंगल पाण्डे के सन्दर्भ में कहा गया कि क्रान्ति क्रान्तिकारियों के दिल में पैदा हुई और वह चिंगारी भड़काने का काम देश के पहले क्रान्तिकारी 1857 के वीर योद्धा मंगल पाण्डे द्वारा शुरू की गयी। जिसने न सिर्फ ब्रिटिश शासन को भारत से उखाड़ फंेकने के अध्याय की प्रथम शुरूआत की बल्कि भारत में और सैकड़ों क्रान्तिकारी खुद बलिदान होकर तैयार कर दिये। आज फिर चौतरफा देश भ्रष्टाचार, जातिवाद, आतंकवाद जैसी समस्याओं से घिरा है और कहीं न कहीं मंगल पाण्डे जैसे वीरों की युवाओं के बीच आवश्यकता है। हमे अपने बच्चों व युवा पीढ़ी के अन्दर राष्ट्रवाद की भावना पैदा करनी होगी। सेवा सबसे कठिन कार्य है अच्छा करने वाले कार्यकर्ताआंे को आलोचनाओं से डरना नहीं चाहिऐ अपना कार्य राष्ट्रहित में आगे बढ़ाते रहना चाहिऐ। 


  श्री डी0आई0जी0माथुर ने कहा कि मंगल पाण्डे के पूरे खानदान को अंग्रेजों ने जिन्दा जला दिया था। मंगल पाण्डे जैसा राष्ट्रभक्त जिसने यह जानते हुए कि मेरी फांसी होगी उन अंग्रेजों से लोहा लिया जिनके राज्य में कभी सूरज नहीं डूबता था। आज पुनः देश को प्रगति के रास्ते पे ले जाने के लिये हमे मिलकर विवेक से सोंचकर राष्ट्र के उत्थान के लिये कार्य करना होगा। देश प्रेम से बड़ा कुछ नहीं है।

    राजीव देश पाण्डे ने अपने सम्बोधन में कहा कि ऐसे क्रान्तिकारियों के आयोजन से समाज को एक नई सोंच और दिशा मिलती है। दिल्ली से आये डॉ0 कुलदीप ने कहा कि मंगल पाण्डे एक व्यक्ति नहीं एक विचाराधारा थी और उसके अनुपालन की अब एक बार फिर नितान्त आवश्यकता है। कार्यक्रम का संचालन करते हुए उमाशंकर पाण्डे ने कहा कि विश्व मानव के विकास का मार्ग ऐसे अमर बलिदानियों के द्वारा प्रशस्त होता है। जिन्होंने कभी कुछ अपने लिये सोंचा ही नहीं। गौरतलब है कि मंगल पाण्डे भारत का एक मात्र ऐसा क्रान्तिकारी था जिसकी लम्बाई 9 फुट 2.5 इंच थी। इस बात का खुलासा लेखक अमृतलाल नागर की पुस्तक गदर के फूल में किया गया है और इस व्यक्ति के परिवार को बेरहमी के साथ ब्रिटिश अधिकारियों ने मौत के हवाले कर दिया था।

कार्यक्रम के दौरान डी0आई0जी0 बांदा एस0के0 माथुर एवं अन्य के द्वारा बुन्देलखण्ड के कर्मवीर बनकर विशिष्ट क्षेत्रों में काम कर रहे लोगों का सम्मान किया गया जिनमें सर्वप्रथम योगगुरू श्री प्रकाश साहू, शूटर रामेन्द्र शर्मा, सूचना अधिकार एवं पर्यावरण के क्षेत्र में काम करने वाले आशीष सागर, पानी के प्रहरी सुरेश रैकवार, बाल गोविन्द त्रिपाठी, अनवर भाई, अनीष चौरसिया, शनि कुमार (साइंस रिसर्च क्लब), डॉ0 विमला शर्मा (सी0एम0एस0 बांदा), बुन्देलखण्डी लोककला संरक्षक रमेश पाल को स्मृति चिन्ह एवं सम्मान पत्र देकर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए श्री एस0के0 राय ने अपने उद्बोधन में बताया कि इस समय वे देश की दस हजार स्वैच्छिक संगठनों का प्रतिनिधित्व कर रहे हैं। उनमें से मंगल फाउण्डेशन एक है और वह बुन्देलखण्ड के प्रत्येक गरीब नागरिक को आत्मनिर्भर बनते हुए देखना चाहते हैं। कार्यक्रम में इस अवसर पर पंकज सिंह परिहार महोबा, कृपाशंकर दुबे, शशांक शुक्ल, राजेश पाण्डे, बालकृष्ण पाण्डे, शिवेन्द्र तिवारी, अरूण निगम, लोकेन्द्र सिंह, आदित्य सिंह, उदय भान पाण्डेय, इम्त्याज खान, राधाकृष्ण बंदेली, सलीम बांदवी, बाबूलाल गुप्ता, लालू दुबे, , प्रेम प्रकाश शुक्ल, अजीत सिंह दिल्ली, कैप्टन सूर्यप्रकाश, प्रोफोसर बाबूलाल शर्मा, के0के0 भारती, संजय गुप्ता सहित शहर के गणमान्य जन के बीच कु0 लक्ष्मी पाण्डे के गीत एवं पूर्व सांसद भीष्मदेव दुबे को एक मिनट का मौन के बाद कार्यक्रम की समाप्ति हुई ।

.........अमर शहीद क्रान्तिकारी
मंगल पाण्डे फाउण्डेशन, बांदा

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