डायचे वेले जर्मनी द्वारा अंतर्राष्ट्रीय पुरस्कार "द बॉब्स" से सम्मानित पत्रिका "दुधवा लाइव"

International Journal of Environment & Agriculture, Vol.7, no 04, April 2017, ISSN 2395-5791

"किसी राष्ट्र की महानता और नैतिक प्रगति को इस बात से मापा जाता है कि वह अपने यहां जानवरों से किस तरह का सलूक करता है"- मोहनदास करमचन्द गाँधी

Sep 9, 2014

तो फिर उठ कर खड़ा हो गया पीपल का पेड़



उत्तर भारत के खीरी जनपद में हुआ ये अजीबो गरीब वाकया
चमत्कार को देखने के किये हजारो की भीड़ उमड़ी

मितौली-भूपितपुर। क्षेत्र में देवस्थान के कटे पेड़ की जड़ दुबारा कड़ी हो गई ।हजारो की भीड़ उमड़ी चमत्कार देखने व् पूजा पाठ भी करने लगे ।

क्षेत्र के मल्हपुर गडरिया में देवस्थान पर खड़े पीपल का पेड़ के गिरने के बाद उसकी जड़ दुबारा खड़ी हो जाने से लोग जहां आश्चर्य चकित है वही लोग इसे देवताओ का प्रताप मानते हुए हजारो की भीड़ दर्शन व् पूजापाठ में लग गए। जानकारी के अनुसार मल्हपुर गडरिया में बदलू यादव का पीपल का पेड़ था जो कि 3 महीने पहले गिर गया था गिरे पेड़ की लकड़ी को बदलू ने एक ठेकेदार के हाथ कुछ दिन पहले बेच दिया था। उसकी सारी लकड़ी उठ गई परन्तु उस पीपल का धड़ वही पड़ा रह गया एक दिन पहले पीपल की जड़ पड़ी थी जो की अचानक खड़ी हो गई जिसे देखकर क्षेत्र् के लोग आश्चर्यचकित रह गए। अब उसी स्थान पर हजारो की भीड़ उमड़ पड़ी और लोग पूजा पाठ में लग गए। क्षेत्र के कुछ व्यक्तियों कृष्णकुमार देवीदयाल संजय कुमार लालता प्रशाद कालीचरण आदि लोगो ने बताया की इस पेड़ की कई वर्षो से सिद्ध देव बाबा के नाम से पूजा होती थी ।जरुर इस पेड़ में देवो का वास होगा जिस कारण ये चमत्कार हुआ।

ब्रजेश सिंह
9721505049
(एक दैनिक अखबार में पत्रकार है)

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