वन्य जीवन एवं पर्यावरण

International Journal of Environment & Agriculture ISSN 2395 5791

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ये जंगल तो हमारे मायका हैं

बीती सदी में बापू ने कहा था

"किसी राष्ट्र की महानता और नैतिक प्रगति को इस बात से मापा जाता है कि वह अपने यहां जानवरों से किस तरह का सलूक करता है"- मोहनदास करमचन्द गाँधी

Mar 31, 2015

भूमि अधिग्रहण बिल के खिलाफ और भूमि अधिकार के लिए आन्दोलन की रणनीति

March 31, 2015 1
2 अप्रैल,  डिप्टी स्पीकर हॉल ,  कंस्टीट्यूशन क्लब ,  दिल्ली वर्ष 2013 में बने भूमि अधिग्रहण कानून में संशोधन करके मोदी की अगुवाई वाल...
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महान में लोकतंत्र महोत्सव, ग्रामीणों ने किया भूमि अधिग्रहण कानून का विरोध

March 31, 2015 0
महान संघर्ष समिति ने भरी हुंकार, अबकी बार जंगल-जमीन पर हमारा अधिकार 30  मार्च 2015।  सरकार द्वारा महान जंगल को कोयला खदान के लिये ...
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Mar 26, 2015

गौरैया का ब्याह

March 26, 2015 0
प्रकृति के प्रहरियो ने रचाया  गौरैया का ब्याह छिउल की सूखी लकड़ी से बना मंडप,  आम के पत्तो और केले के पत्तो हुआ सगुन   कुस ...
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Mar 1, 2015

उत्तर प्रदेश के राज्य पक्षी सारस की रहस्यमयी मौतें

March 01, 2015 1
मैलानी के निकट एक गाँव में एक दर्जन से अधिक सारस मृत पाये गए  अन्य स्थानीय व् प्रवासी पक्षियों की भी हुई मौत  अप्रमाणित व् नकली ...
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जर्मनी द्वारा अंतर्राष्ट्रीय पुरस्कार "द बॉब्स" से सम्मानित पत्रिका "दुधवा लाइव"

मुद्दा

क्या खत्म हो जायेगा भारतीय बाघ
कृष्ण कुमार मिश्र* धरती पर बाघों के उत्थान व पतन की करूण कथा:

दुधवा में गैडों का जीवन नहीं रहा सुरक्षित
देवेन्द्र प्रकाश मिश्र* पूर्वजों की धरती पर से एक सदी पूर्व विलुप्त हो चुके एक सींग वाले भारतीय गैंडा

हस्तियां

पदम भूषण बिली अर्जन सिंह
दुधवा लाइव डेस्क* नव-वर्ष के पहले दिन बाघ संरक्षण में अग्रणी भूमिका निभाने वाले महा-पुरूष पदमभूषण बिली अर्जन सिंह

एक ब्राजीलियन महिला की यादों में टाइगरमैन बिली अर्जन सिंह
टाइगरमैन पदमभूषण स्व० बिली अर्जन सिंह और मैरी मुलर की बातचीत पर आधारित इंटरव्यू:

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