वन्य जीवन एवं पर्यावरण

International Journal of Environment & Agriculture ISSN 2395 5791

Breaking

ये जंगल तो हमारे मायका हैं

बीती सदी में बापू ने कहा था

"किसी राष्ट्र की महानता और नैतिक प्रगति को इस बात से मापा जाता है कि वह अपने यहां जानवरों से किस तरह का सलूक करता है"- मोहनदास करमचन्द गाँधी

Feb 28, 2011

दुधवा लाइव पत्रिका का लेखक जो बन गया देशद्रोही !

February 28, 2011 0
एक सरकार के अपराधी का खुला बयान जो बार बार प्रकाशित होता रहा दुधवा लाइव पर ... ....अरूणेश आदिवासी हाजिर हो कोर्ट मुहर्रिर की इस पुकार क...
Read more »

क्या आप रैबीज का खतरनाक वायरस पहनना चाहोगे !

February 28, 2011 4
(   एक महिला वैज्ञानिक जो बनाती है खतरनाक जीवाणुओं और विषाणुओं के आकार के जेवर सू्क्ष्म-जीवों की रचनाओं की तरह निर्मित कर्ण-फ़ूल, और गले के ह...
Read more »

Feb 27, 2011

Feb 26, 2011

कितना जरूरी है राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा कानून

February 26, 2011 0
देश के लोगों को कुपोषित होने से बचाने के लिए जरूरी है राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा कानून यह बात प्रयास एवं सामुदायिक वैज्ञानिक डॉ. नरेन्द्र गु...
Read more »

खीरी जनपद के जंगलों में बेधड़क जारी है बाघों और तेन्दुओं का शिकार

February 26, 2011 0
सृष्टि कन्जर्वेशन एण्ड वेलफेयर सोसाइटी ने शिकारियों और भ्रष्ट प्रशासन के विरूद्ध छेड़ी मुहिम "खीरी में एक और तेन्दुए की मौत" दुधवा...
Read more »

टांगिया : ये कैसी आजादी, ये कैसा लोकतंत्र

February 26, 2011 1
गोला रेंज के वनटांगियों ने नही देखा कभी बैलेट पेपर -१७५ लोगों के कुनबे में १ ही हैं मिडिल पास (खीरी) गोला-टांगिया गांव से। देश को आजादी मि...
Read more »

Feb 18, 2011

टूटते पहाड़ व ग्रेनाइट का खनन ही बुन्देलखण्ड की त्रासदी

February 18, 2011 0
ग्रेनाइट खनन से बढ़ता प्रदूषण  पर्यावरण प्रदूषण और बीमार होते लोग  1.    30 लाख 50 हजार पत्थर रोजाना पहाड़ों से निकाला जाता है। 2.    30 ...
Read more »

Feb 12, 2011

दुधवा में घमासान !

February 12, 2011 1
दुधवा नेशनल पार्क में वन-रक्षकों ने उप-निदेशक के खिलाफ़ खोला मोर्चा- सरंक्षित क्षेत्र में शाखू के वृक्षों के कटान में प्रथम दृष्टया वन रक्ष...
Read more »

Feb 10, 2011

ये कैसा समर है, जानवर और आदमी के मध्य !

February 10, 2011 0
फोटो: ©सीजर सेनगुप्त आखिर बाघों की आमद हमारे घरों की ओर क्यों? बिल्ली प्रजाति का अतिबलशाली ‘बाघ’ जन्म से हिंसक और खूंखार होता है, लेकि...
Read more »

दुधवा नेशनल पार्क का एक यात्रा संस्मरण

February 10, 2011 2
 भारतीय बाघ: फ़ोटो ©सतपाल सिंह दुधवा नेशनल पार्क में वो खुशनुमा पल  दुधवा में बाघों की तादाद बढ़ी तराई के घनों जंगलों में भी खूब दर्शन दे ...
Read more »

Feb 9, 2011

Feb 8, 2011

इनके नसीब में एक इंडिया मार्का हैंड पम्प भी नही !

February 08, 2011 3
सड़क बिजली छोडि़ए, सरकारी नल भी नही है मयस्सर -टांगिया गांव तक नही पहुंचती योजनाएं टांगिया-बिजुआ। हर गांव तक सड़क और हर घर को बिजली। शास...
Read more »

Feb 6, 2011

बुन्देलखण्ड का आदिवासी और उसकी बदहाली पर एक खुला चिठ्ठा

February 06, 2011 1
चार सौ दलित आदिवासियो की बदहाली एवं पलायन  "क्या वें अब जंगल और जंगल जीवों के मध्य समन्वय स्थापित कर सकते हैं ? "क्या बाघ की तरह ...
Read more »

यहाँ कैसे हासिल हों इन्हें तालीम का कानूनी हक ?

February 06, 2011 4
यहां कैसा लागू हो शिक्षा का कानूनी अधिकार! - टांगिया गांव में न स्कूल है, न टीचर - दिन फसलो को बचाने में गुजारते हैं बच्चे अपना वक्त टांग...
Read more »

Feb 5, 2011

बुन्देलण्ड में काले हिरणों पर मड़राता काला साया

February 05, 2011 1
 बुन्देलखण्ड में तबाह किए जा रहे जंगलों व नदियों से नष्ट होती जैव-विविधता  ...आंकड़ों के खेल में सरकारें बनी तमाशबीन ....   बांदा, हमीरपु...
Read more »

जर्मनी द्वारा अंतर्राष्ट्रीय पुरस्कार "द बॉब्स" से सम्मानित पत्रिका "दुधवा लाइव"

मुद्दा

क्या खत्म हो जायेगा भारतीय बाघ
कृष्ण कुमार मिश्र* धरती पर बाघों के उत्थान व पतन की करूण कथा:

दुधवा में गैडों का जीवन नहीं रहा सुरक्षित
देवेन्द्र प्रकाश मिश्र* पूर्वजों की धरती पर से एक सदी पूर्व विलुप्त हो चुके एक सींग वाले भारतीय गैंडा

हस्तियां

पदम भूषण बिली अर्जन सिंह
दुधवा लाइव डेस्क* नव-वर्ष के पहले दिन बाघ संरक्षण में अग्रणी भूमिका निभाने वाले महा-पुरूष पदमभूषण बिली अर्जन सिंह

एक ब्राजीलियन महिला की यादों में टाइगरमैन बिली अर्जन सिंह
टाइगरमैन पदमभूषण स्व० बिली अर्जन सिंह और मैरी मुलर की बातचीत पर आधारित इंटरव्यू:

Post Top Ad

Your Ad Spot